विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

शराब कंपनियों पर कार्रवाई को लेकर मंत्री-अफसर आमने-सामने, CM सम्राट तक पहुंची शिकायत

Published: Wed, 04 Nov 2026 10:30 PM (IST)

बिहार में शराब कंपनियों पर कार्रवाई को लेकर मंत्री मदन सहनी और विभागीय सचिव संजय कुमार सिंह के बीच मतभेद ...और पढ़ें

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग के मंत्री मदन सहनी

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग के मंत्री मदन सहनी

HighLights

  1. शराब कंपनियों पर कार्रवाई को लेकर मंत्री-अफसरों में मतभेद।

  2. मंत्री मदन सहनी ने मुख्यमंत्री को शिकायत पत्र भेजा।

  3. अधिकारी कानूनी अड़चनों का हवाला देकर कार्रवाई से हिचक रहे।

राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य में पकड़ी जा रही शराब की बड़ी खेप के आधार पर संबंधित शराब कंपनियों पर कार्रवाई करने को लेकर मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग के मंत्री मदन सहनी और विभागीय सचिव संजय कुमार सिंह आमने-सामने हो गए हैं। इसकी शिकायत मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी तक भी पहुंची है।

मंत्री ने खुद अपने विभागीय अफसरों की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए सीएम को शिकायती पत्र दिया है। मंत्री मदन सहनी की शिकायत है कि राज्य में पकड़ी जाने वाली शराब की कंपनियों के विरुद्ध कार्रवाई से अफसर हिचक रहे हैं। जिन कंपनियों को नोटिस दिए गए थे, उनके विरुद्ध नरमी दिखाई जा रही है।

दरअसल, पूर्ण शराबबंदी वाले राज्य में पकड़ी जाने वाली शराब की खेप की क्यूआर कोड से स्कैनिंग की जाती है। इससे पता चलता है कि शराब की खेप किस राज्य के लिए भेजी गई थी जो अवैध रूप से बिहार पहुंची है।

मंत्री के निर्देश पर ऐसी प्रमुख दस शराब कंपनियों के विरुद्ध विभाग ने नोटिस भी भेजा था। इसमें शराब कंपनियों से उनकी शराब राज्य में बड़ी संख्या में पकड़े जाने पर स्पष्टीकरण मांगा गया था। इसमें शराब कंपनियों की भूमिका पाए जाने पर प्राथमिकी दर्ज करने की चेतावनी भी दी गई थी।

मंत्री मदन सहनी का कहना है कि यह काम विभागीय अधिकारियों से विचार-विमर्श के बाद ही किया गया था। इसके बाद जब पिछले माह अक्टूबर में जब दोबारा समीक्षा की गई तो विभगीय सचिव समेत वरीय अफसरों ने इस कार्रवाई पर ऐतराज जताया।

कहा गया कि शराब कंपनियों के एसोसिएशन ने इस कार्रवाई पर अपना पक्ष रखते हुए आपत्ति जताई है। इसके साथ ही अफसरों ने यह भी तर्क दिया कि इस तरह शराब कंपनियों के विरुद्ध कार्रवाई नियमानुसार नहीं है। यह मामला कोर्ट से खारिज हो जाएगा। इन्हीं सारी बिंदुओं पर मंत्री ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है।

शराबबंदी को सख्ती से लागू करना मेरी प्राथमिकता है। शराब के मामले में गरीब तो जेल जा रहे हैं, मगर बड़े दोषियों पर ऐसी कार्रवाई नहीं हो रही। जिन कंपनियों की शराब पकड़ी जा रही, उनकी भी जवाबदेही तय होनी चाहिए। दोषी पाए जाने पर प्राथमिकी भी होनी चाहिए। - मदन सहनी, मंत्री, मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग

यह भी पढ़ें- 'बिहार में अराजकता... यादव समुदाय एकजुट हो', हैदराबाद से तेजस्वी की हुंकार; CM योगी का भी लिया नाम

यह भी पढ़ें- Bihar Politics: 'जनता को हंसने का मौका देते हैं सीएम', सम्राट चौधरी पर प्रशांत किशोर का तंज

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।