पटना हाई कोर्ट ने शिक्षकों को दी राहत: 'सरप्लस' ट्रांसफर पर फिलहाल रोक, जो जहां हैं वहीं रहेंगे
पटना हाई कोर्ट ने सरप्लस शिक्षकों के स्थानांतरण और पदस्थापन पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया है। इस आदेश से प्रभावित शिक्षक फिलहाल अपने वर्तमान पदस्थापन स्थल पर ही बने रहेंगे और राज्य सरकार को जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया गया है।

पटना हाई कोर्ट का सरप्लस शिक्षकों के ट्रांसफर पर बड़ा आदेश, यथास्थिति बरकरार
HighLights
हाई कोर्ट ने सरप्लस शिक्षकों के ट्रांसफर पर यथास्थिति का आदेश।
प्रभावित शिक्षक फिलहाल अपने वर्तमान पदस्थापन स्थल पर ही रहेंगे।
राज्य सरकार को मामले में जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश।
विधि संवाददाता, पटना। सरप्लस के नाम पर शिक्षकों के स्थानांतरण और पदस्थापन को लेकर पटना हाई कोर्ट ने फिलहाल यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया है। कोर्ट के आदेश के बाद सरप्लस ट्रांसफर से प्रभावित शिक्षक फिलहाल अपने वर्तमान पदस्थापन स्थल पर ही बने रहेंगे।
अदालत ने राज्य सरकार को जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई चार सप्ताह बाद होगी।
न्यायाधीश अजीत कुमार की एकलपीठ ने नरेंद्र कुमार नंद एवं अन्य की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। सुनवाई के दौरान पीठ ने स्पष्ट किया कि मामले में अगला आदेश होने तक "जो शिक्षक जहां हैं, वहीं रहेंगे।"
याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता ललित किशोर और अधिवक्ता मृत्युंजय कुमार ने पक्ष रखा। उन्होंने सरप्लस के आधार पर शिक्षकों के स्थानांतरण की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि इसमें कई विसंगतियां हैं। इसके कारण बड़ी संख्या में शिक्षक असमंजस और परेशानी की स्थिति में हैं।
दलीलों पर गौर करने के बाद पीठ ने मामले में यथास्थिति बनाए रखने का निर्देश दिया। इसके साथ ही राज्य सरकार को अपना पक्ष स्पष्ट करने के लिए जवाबी हलफनामा दाखिल करने को कहा गया। हाई कोर्ट के इस आदेश से सरप्लस सूची में शामिल शिक्षकों को फिलहाल राहत मिली है।
