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कश्मीर में आधी रात महसूस हुए भूकंप के झटके, अफगानिस्तान था केंद्र; नींद में सो रहे लोगों की बढ़ी बेचैनी

Published: Tue, 06 Oct 2026 02:09 AM (IST)

कश्मीर में सोमवार आधी रात अफगानिस्तान में आए 4.9 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस किए गए। हालांकि, राहत की ...और पढ़ें

कश्मीर में आधी रात महसूस हुए भूकंप के झटके। सांकेतिक फोटो

कश्मीर में आधी रात महसूस हुए भूकंप के झटके। सांकेतिक फोटो

HighLights

  1. कश्मीर में आधी रात अफगानिस्तान के भूकंप के झटके महसूस हुए।

  2. 4.9 तीव्रता का भूकंप 220 किमी गहराई पर आया।

  3. फिलहाल कश्मीर में किसी नुकसान की सूचना नहीं मिली।

राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। कश्मीर में सोमवार की आधी रात के बाद उस वक्त हलचल महसूस की गई, जब पड़ोसी अफगानिस्तान में 4.9 तीव्रता का भूकंप आया। गहरी नींद में सो रहे लोगों के बीच कुछ इलाकों में अचानक महसूस हुई कंपन ने बेचैनी बढ़ा दी। हालांकि राहत की बात यह है कि कश्मीर में किसी तरह के नुकसान या जनहानि की तत्काल सूचना नहीं है।

भारत के राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (एनसीएस) के अनुसार, भूकंप सोमवार तड़के 1 बजकर 57 मिनट 24 सेकंड पर आया। इसकी गहराई जमीन के भीतर करीब 220 किलोमीटर थी। भूकंप का केंद्र अफगानिस्तान में 36.602 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 71.084 डिग्री पूर्वी देशांतर पर दर्ज किया गया। यह स्थान अफगानिस्तान के फैजाबाद से करीब 73 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में है।

कश्मीर तक पहुंची कंपन

एनसीएस ने इस घटना को अपने रिकॉर्ड में ऐसे भूकंप के रूप में दर्ज किया है जिसे लोगों ने महसूस किया। कश्मीर के कुछ हिस्सों में भी झटके महसूस होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि अलग-अलग इलाकों में कंपन की तीव्रता कितनी रही, इसका विस्तृत विवरण तत्काल उपलब्ध नहीं था।

इस भूकंप की एक खास बात इसकी गहराई रही। धरती के भीतर 220 किलोमीटर नीचे आए इस भूकंप का केंद्र सतह से काफी नीचे था। ऐसे गहरे भूकंपों की कंपन दूर-दराज के इलाकों तक महसूस हो सकती है।

कुछ घंटे पहले भी कांपी थी धरती

एनसीएस के रिकॉर्ड के मुताबिक, 4.9 तीव्रता के इस भूकंप से कुछ समय पहले भी अफगानिस्तान में भूकंपीय गतिविधि दर्ज हुई। रात 12 बजकर 11 मिनट पर 3.7 तीव्रता का भूकंप आया था, जिसकी गहराई 104 किलोमीटर दर्ज की गई। इससे पहले रविवार रात 4.0 तीव्रता का भूकंप भी अफगानिस्तान में दर्ज किया गया था।

कश्मीर का हिमालयी क्षेत्र भूकंपीय गतिविधियों के लिहाज से संवेदनशील है। ऐसे में अफगानिस्तान से आने वाले झटके इस क्षेत्र में महसूस होना असामान्य नहीं है।

फिलहाल सोमवार तड़के आए भूकंप के बाद कश्मीर में किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन रात के सन्नाटे में महसूस हुई इस हल्की कंपन ने एक बार फिर घाटी की भूकंपीय संवेदनशीलता की ओर ध्यान खींचा है।