पिंक से ब्लू और गोल्डन से ऑरेंज तक, भारत के इन शहरों के नामों के पीछे छिपी है मजेदार कहानी
भारत के कई शहरों जैसे जयपुर को पिंक सिटी और जोधपुर को ब्लू सिटी कहे जाने के पीछे दिलचस्प कहानियां छिपी है।

शहरों के नाम के पीछे की कहानियां (Image Source: AI Generated)

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लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। भारत का हर एक शहर अपनी एक कहानी कहता है, किसी को हम पिंक सिटी के नाम से जानते हैं तो किसी को ब्लू सिटी के नाम से। गौर करने वाली बात यह है कि इन शहरों के नाम यूं ही नहीं रखे गए, हर एक शहर के नाम के पीछे एक कहानी छिपी है, जिसके बारे में आज हम बात करने वाले हैं।
पिंक सिटी - जयपुर
राजस्थान की राजधानी जयपुर को पिंक सिटी कहे जाने का इतिहास साल 1876 से जुड़ा हुआ है। कहा जाता है कि महाराजा सवाई राम सिंह द्वितीय ने वेल्स के राजकुमार प्रिंस अल्बर्ट एडवर्ड और क्वीन विक्टोरिया का भव्य स्वागत करने के लिए पूरे शहर को टेरकोटा पिंक से रंगवा दिया था।
ब्लू सिटी - जोधपुर
जोधपुर शहर में आप जाएंगे तो पाएंगे कि वहां के ज्यादातर घर नीले रंग के हैं। कहते हैं कि यहां के घरों को नीला रंग देने का ट्रेंड यहां के ब्राह्मणों ने शुरू किया था। ऐसा करने के पीछे उनका उद्देश्य अपनी अलग पहचान बनाना था, फिर समय के साथ नीले रंग के घरों का चलन बढ़ता चला गया।
डायमंड सिटी - सूरत
हमने स्कूलों में भी पढ़ा है कि गुजरात का सूरत शहर हीरों के लिए दुनियाभर में फेमस है। दरअसल, इस शहर में हीरा काटने और तराशने का काम 1900 के दशक से शुरू हुआ था, जो देखते ही देखते लोगों का प्रोफेशन भी बन गया।
व्हाइट सिटी - उदयपुर
उदयपुर शहर की स्थापना महाराणा उदय सिंह ने की थी, कहते हैं उस दौर में यहां के ज्यादातर महलों को संगमरमर से बनाया गया और इमारतों को चूने से रंगा गया। दूसरी वजह यहां की चमकती खूबसूरत झीलें भी हैं, जिसके चलते शहर का नाम व्हाइट सिटी पड़ा। बता दें कि उदयपुर पूर्व का वेनिस भी कहलाता है।
गोल्डन सिटी - जैसलमेर
जैसलमेर को गोल्डन सिटी कहे जाने की वजह तो आप समझ ही गए होंगे। यहां की गरम और उड़ती हुई सुनहरी रेत ही इस शहर को गोल्डन रंग का बनाती है। इसके अलावा, यह शहर येलो सिटी और ब्राउन सिटी के नाम से भी जाना जाता है।
एवरग्रीन सिटी - तिरुवनंतपुरम
केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम भारत का एवरग्रीन शहर कहा जाता है। इस सिटी यह नाम महात्मा गांधी ने यहां की हरियाली और प्रकृतिक खूबसूरती की वजह से दिया था।
ऑरेंज सिटी - नागपुर
महाराष्ट्र का नागपुर शहर मीठे और रसीले संतरों के लिए दुनियाभर में मशहूर है, जहां हर साल लाखों टन संतरों का उत्पादन किया जाता है। इसी वजह से यह सिटी भारत की सबसे बड़ी ऑरेंज हॉलसेल मार्केट भी है।
