60 लाख रुपये क्षतिपूर्ति न देने पर कोर्ट सख्त, जौनपुर में मदरसे की गाड़ियां होंगी कुर्क
जौनपुर में कोर्ट ने सड़क दुर्घटना के दो मामलों में 60 लाख रुपये की क्षतिपूर्ति राशि का भुगतान न करने ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक तस्वीर।
HighLights
कोर्ट ने मदरसे के वाहनों को कुर्क करने का आदेश दिया।
प्रबंधक अनवर अहमद काजमी के बैंक खाते सीज होंगे।
सड़क दुर्घटना में 60 लाख रुपये क्षतिपूर्ति का भुगतान नहीं हुआ।
जागरण संवाददाता, जौनपुर। सड़क दुर्घटना के दो मामलों में 60 लाख रुपये क्षतिपूर्ति की धनराशि अदा न करने पर ट्रिब्यूनल जज मनोज अग्रवाल ने सिपाह स्थित मदरसा जामिया मोमिना लिल बनात के वाहनों को कुर्क करने व प्रबंधक अनवर अहमद काजमी के बैंक खातों को सीज करने का आदेश तहसीलदार सदर को दिया। अग्रिम कार्रवाई के लिए तीन अक्टूबर तिथि नियत की गई है।
जामिया मोमिना लिल बनात मदरसे की टाटा मैजिक की लापरवाही से कोतवाली थाना क्षेत्र के सिपाह निवासी अध्यापक मिठाई लाल की मार्निंग वाक करते समय हीरा पैलेस के पास सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी। कोर्ट ने 29 अप्रैल, 2023 को मदरसे के प्रबंधक अनवार अहमद काजमी को क्षतिपूर्ति अदा करने का आदेश दिया था। ब्याज सहित 41.50 लाख रुपये अदा करना है।
इसी प्रकार रामजीत सिंह निवासी कम्मरपुर सरपतहा की बाइक से जाते समय इसी मदरसे की स्कूल बस से सिद्दीकपुर पेट्रोल पंप के पास दुर्घटना हो गई थी। वह घायल हुए थे। कोर्ट ने 20 सितंबर 2022 को ब्याज सहित 25 लाख रुपये क्षतिपूर्ति का आदेश दिया था।
अनुपालन न होने पर अधिवक्ता हिमांशु श्रीवास्तव के प्रार्थना पत्र पर कोर्ट ने तहसीलदार का वेतन रोका तब प्रथम मामले में 4.50 लाख रुपये क्षतिपूर्ति और द्वितीय मामले में एक लाख रुपये क्षतिपूर्ति मदरसा प्रबंधक ने अदा की। पूर्ववर्ती आदेशों का अनुपालन न करने को कोर्ट ने आपत्तिजनक माना। अधिवक्ता के प्रार्थना पत्र पर कोर्ट ने शेष धनराशि की वसूली के लिए मदरसे के वाहनों को कुर्क करने और प्रबंधक के खातों को सीज करने का आदेश दे दिया।
