सनातन धर्म में करवा चौथ का विशेष महत्व होता है। इस दिन विवाहित महिलाएं निर्जला व्रत रखती हैं। आइए जानते हैं कि करवा चौथ पर किन कामों को करने से व्रत का फल नहीं मिलता है?
पंचांग के अनुसार, इस साल करवा चौथ का व्रत 20 अक्टूबर को रखा जाएगा। करवा चौथ के दिन विवाहित महिलाएं पति की लंबी आयु के लिए निर्जला व्रत रखती हैं।
पंचांग के अनुसार, चतुर्थी तिथि की शुरुआत 19 अक्टूबर को शाम 06 बजकर 16 मिनट पर होगी। वहीं, इसका समापन 20 अक्टूबर को दोपहर 03 बजकर 46 मिनट पर होगा।
कई काम ऐसे होते हैं, जिसे करवा चौथ पर करवा वर्जित माना जाता है। इन कामों को करने के व्रत का फल नहीं मिलता है।
करवा चौथ के दिन ज्यादा देर तक नहीं सोना चाहिए। सुबह सूर्योदय से पहले ही उठ जाता है। क्योंकि, व्रत की शुरुआत सूर्योदय से होती है।
शास्त्रों के अनुसार, करवा चौथ पर किसी बात को लेकर पति से झगड़ा नहीं करना चाहिए। झगड़ा करने से व्रत का फल नहीं मिलता है और रिश्तों में भी दरार आ सकती है।
करवा चौथ पर दान करने का विशेष महत्व होता है। हालांकि, इस दिन चावल, चीनी, आटा और दही का दान करने से बचना चाहिए। इन चीजों का दान करना अशुभ माना जाता है।
करवा चौथ के दिन निर्जला व्रत रखा जाता है। इस दौरान महिलाएं चंद्रमा को अर्घ्य देकर व्रत का पारण करती है। ऐसा करने से पति-पत्नी के रिश्तों में मधुरता आती है।
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