सनातन धर्म में संकष्टी चतुर्थी का विशेष महत्व होता है। आइए जानते हैं कि इस दिन किन कामों को करने से बचना चाहिए?
पंचांग के अनुसार, 14 जून 2025 को कृष्णपिङ्गल संकष्टी चतुर्थी मनाई जाएगी। संकष्टी चतुर्थी के दिन गणेश जी की पूजा करने से सुख-शांति बनी रहती है।
पंचांग के अनुसार, संकष्टी चतुर्थी की शुरुआत 14 जून को दोपहर 03 बजकर 46 मिनट पर होगी। वहीं, इसका समापन 15 जून को दोपहर 03 बजकर 51 मिनट पर होगा।
कई काम ऐसे होते हैं, जिसे संकष्टी चतुर्थी के दिन करने से बचना चाहिए। इन कामों को करने से जीवन में परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
संकष्टी चतुर्थी के दिन तामसिक चीजें जैसे- मांस, मदिरा, लहसुन और प्याज खाने से बचना चाहिए। इसे खाने से पूजा करने का फल नहीं मिलता है।
संकष्टी चतुर्थी के दिन काले रंग के कपड़े पहनने से बचना चाहिए। इसे पहनने से नकारात्मक ऊर्जा का संचार हो सकता है। इस दिन वाद-विवाद भी नहीं करना चाहिए।
संकष्टी चतुर्थी पर गणेश जी की पूजा करते समय तुलसी का उपयोग नहीं करना चाहिए। इसे चढ़ाने से संकट का सामना करना पड़ सकता है।
संकष्टी चतुर्थी पर इन कामों को करने से साधक को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। इसके साथ ही, बनते हुए काम भी बिगड़ने लगते हैं।
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