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वैज्ञानिक फ्रांसिस हाल्जेन को दिया गया फिजिक्स में नोबेल पुरस्कार, न्यूट्रिनो की खोज के लिए मिला सम्मान

Published: Tue, 06 Oct 2026 03:39 PM (GMT+05:30)Updated: Tue, 06 Oct 2026 04:02 PM (GMT+05:30)

बेल्जियम मूल के अमेरिकी वैज्ञानिक फ्रांसिस हाल्जेन (Francis Halzen) को साल 2026 के फिजिक्स नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।

फ्रांसिस हाल्जेन के मिला 2026 का फिजिक्स नोबेल पुरस्कार। (X- @NobelPrize)

फ्रांसिस हाल्जेन के मिला 2026 का फिजिक्स नोबेल पुरस्कार। (X- @NobelPrize)

HighLights

  1. अमेरिकी वैज्ञानिक फ्रांसिस हाल्जेन को प्रतिष्ठित सम्मान।

  2. उन्हें 2026 का फिजिक्स नोबेल पुरस्कार मिला।

  3. उनके शोध ने ब्रह्मांड को समझने में मदद की।

डिजिटल डेस्क, वाशिंगटन। बेल्जियम मूल के अमेरिकी वैज्ञानिक फ्रांसिस हाल्जेन (Francis Halzen) को साल 2026 के फिजिक्स नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।  

आइसक्यूबन न्यूट्रिनो ऑब्जर्बेटरी में अहम योगदान और अंतरिक्ष से धरती तक पहुंचने वाले बेहद ज्यादा ऊर्जा वाले न्यूट्रिनो कण की खोज के लिए रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज ने उन्हें यह सम्मान दिया है।  हाल्जेन ने अपने करियर का बड़ा हिस्सा अमेरिका में बिताया। 

फ्रांसिस हाल्जेन को दिसंबर में किया जाएगा सम्मानित

दिसंबर 2026 में स्वीडन के स्टॉकहॉम में फ्रांसिस हाल्जेन को सम्मानित किया जाएगा। उन्हें मेडल, डिप्लोमा और 11.5 करोड़ रुपये पुरस्कार राशि भी मिलेगी।

आइसक्यूब न्यूट्रिनो ऑब्जर्वेटरी, जिसका विचार इस साल फिजिक्स का नोबेल पुरस्कार पाने वाले फ्रांसिस हैल्जेन ने दिया था – दूर अंतरिक्ष से आने वाले न्यूट्रिनो को ट्रैक करती है।

फ्रांसिस हैल्जेन की खोज

आइसक्यूब द्वारा लगातार इकट्ठा की जाने वाली न्यूट्रिनो इंटरैक्शन से शोधकर्ताओं को उन हिंसक स्थितियों के बारे में नई जानकारी मिलेगी जिनमें हाई-एनर्जी न्यूट्रिनो बन सकते हैं, और इससे पहले से अज्ञात ब्रह्मांडीय घटनाओं का भी पता चल सकता है।

2026 में फिजिक्स का नोबेल पुरस्कार पाने वाले फ्रांसिस हैल्जेन ने महसूस किया कि साउथ पोल की बर्फ का इस्तेमाल न्यूट्रिनो कहे जाने वाले कणों को ट्रैक करने के लिए किया जा सकता है। उनकी सोच और वैज्ञानिक नेतृत्व आइसक्यूब न्यूट्रिनो ऑब्जर्वेटरी के लिए बहुत अहम रहे हैं।

यह एक क्यूबिक किलोमीटर बर्फ का हिस्सा है जिसमें लाइट सेंसर लगे हैं। आइसक्यूब का इस्तेमाल करके, शोधकर्ता दूर के ब्रह्मांड में बहुत ज्यादा ऊर्जा वाली प्रक्रियाओं से निकलने वाले न्यूट्रिनो को पकड़ सकते हैं।