Gold Silver और कॉपर में गिरावट, लेकिन एल्युमिनियम बनाने जा रही नया रिकॉर्ड; एक्सपर्ट ने बताईं तेजी की 3 वजहें
Aluminum Price Today: भारतीय कमोडिटी बाजार में एल्युमीनियम की कीमतों में तेजी देखी जा रही है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर एल्युमीनियम का भाव 0.51 ...और पढ़ें
-1776696782135_m.webp)
Gold Silver और कॉपर में भारी गिरावट, एल्युमिनियम बनाने जा रही नया रिकॉर्ड

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
नई दिल्ली| भारतीय कमोडिटी मार्केट में इन दिनों हलचल मची हुई है। जहां एक ओर सोने, चांदी और कॉपर जैसी बड़ी धातुओं में भारी बिकवाली देखी जा रही है और इनकी कीमतें नीचे (gold silver and copper price crash) गिर रही हैं, वहीं एल्युमिनियम ने अपनी अलग ही रफ्तार पकड़ ली है। सोमवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर एल्युमिनियम की कीमतों में तेजी का रुख रहा, जिसने निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है।
क्या हैं एल्युमिनियम के ताजा रेट?
हाजिर बाजार में मांग बढ़ने की वजह से सटोरियों ने ताजा खरीदारी शुरू कर दी है। MCX पर अप्रैल डिलिवरी वाले एल्युमिनियम का भाव 0.51 प्रतिशत (1.85 रुपए) की बढ़त के साथ 365.30 रुपए प्रति किलोग्राम (aluminium rate today) पर पहुंच गया। इस दौरान इसका हाई लेवल 3.66.35 रुपए (aluminium price today) और लो लेवल 362.40 रुपए रहा। जबकि पिछला क्लोज 363.45 रुपए था।
एल्युमिनियम ने 29 जनवरी को 370 रुपए पर पहुंचकर ऑल टाइम हाई का रिकॉर्ड बनाया था। यानी यह धातु नया रिकॉर्ड बनाने से कुछ कदम ही दूर है।
एक्सपर्ट्स का मानना है कि उपभोक्ता उद्योगों (Consumer Industries) की ओर से डिमांड बढ़ने के कारण कीमतों को सपोर्ट मिल रहा है। अगर यह तेजी जारी रही तो आने वाले दिनों में नया रिकॉर्ड बन सकता है।
यह भी पढ़ें- Gold Silver Price Crash: औंधे मुंह गिरा सोना-चांदी, ₹6100 तक टूटे दाम; खरीदें या नहीं? एक्सपर्ट ने दिए टारगेट
क्यों चमक रही एल्युमिनियम?
केडिया एडवाइजरी के डायरेक्टर अजय केडिया ने जागरण बिजनेस को बताया कि एल्युमिनियम मौजूदा समय में 'आउटपरफॉर्मर' बनकर उभरा है। इसकी तेजी के पीछे सबसे बड़ी वजह मिडल ईस्ट का तनाव है।
- सप्लाई में कमी: दुनिया की कुल एल्युमिनियम सप्लाई में खाड़ी देशों का हिस्सा करीब 9% है। तनाव की वजह से वहां उत्पादन में 6% की गिरावट आई है।
- लॉजिस्टिक्स और एनर्जी: होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के आसपास लॉजिस्टिक दिक्कतों और बिजली संकट के कारण बड़े स्मेल्टर अपनी पूरी क्षमता से काम नहीं कर पा रहे हैं।
- सप्लाई डेफिसिट: अनुमान है कि दूसरी तिमाही (Q2) में दुनिया भर में करीब 9 लाख टन एल्युमिनियम की कमी (डेफिसिट) हो सकती है।
सोने-चांदी और कॉपर से तुलना
पिछले एक महीने में जहां गोल्ड, सिल्वर और कॉपर में मुनाफावसूली और बिकवाली का दबाव दिखा, वहीं एल्युमिनियम पिछले एक महीने में 10% और साल-दर-साल आधार पर करीब 48% बढ़ चुका है।
चीन ने उत्पादन बढ़ाकर कमी को पूरा करने की कोशिश जरूर की है, लेकिन वहां के घरेलू नियम और ऊर्जा संबंधी पाबंदियां सप्लाई को पूरी तरह सामान्य नहीं होने दे रही हैं।
अजय केडिया ने दिया टारगेट प्राइस
अजय केडिया का कहना है कि जब तक एल्युमिनियम की कीमत 350 रुपए के ऊपर टिकी रहती है, बाजार का रुख तेजी का ही रहेगा। आने वाले दिनों में यह 385 से 390 रुपए प्रति किलोग्राम के स्तर (aluminium price target 2026) तक जा सकता है।
निवेशकों के लिए फिलहाल एल्युमिनियम, सोने और चांदी के मुकाबले ज्यादा मजबूत नजर आ रहा है।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।