पूरी दुनिया ने माना भारत का लोहा! अमेरिका और इजरायल की सेनाओं को 'ड्रोन' की ट्रेनिंग दे रही ये भारतीय कंपनी
आइडियाफोर्ज टेक्नोलॉजी ने अमेरिका के नेशनल टेस्ट पायलट स्कूल में नाटो सैन्य कर्मियों के लिए यूएवी उड़ान-परीक्षण प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया है। यह प ...और पढ़ें


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नई दिल्ली। भारत के स्वदेशी डिफेंस टेक्नोलॉजी के लिए एक ऐतिहासिक क्षण देखने के लिए तैयार हो जाइए! आइडियाफोर्ज टेक्नोलॉजी ने अमेरिका के प्रतिष्ठित नेशनल टेस्ट पायलट स्कूल (NTPS) में नाटो (NATO) सैन्य कर्मियों के लिए एक खास तरह के यूएवी (UAV) उड़ान-परीक्षण प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया है। यह पहली बार होगा जब किसी भारतीय यूएवी कंपनी को इस तरह के वैश्विक स्तर के प्रशिक्षण के लिए चुना गया है। इस कार्यक्रम के तहत, आइडियाफोर्ज अपने नाटो-प्रमाणित 'स्विच' (SWITCH) यूएवी प्लेटफॉर्म का उपयोग करके अंतरराष्ट्रीय सैनिकों को अत्याधुनिक ड्रोन संचालन की बारीकियां सिखा रही है।
वैश्विक स्तर पर भारतीय तकनीक को मिली मान्यता
NTPS द्वारा एक भारतीय संगठन का चयन वैश्विक रक्षा क्षेत्र में भारत की बढ़ती शक्ति और स्वदेशी यूएवी प्लेटफार्मों की स्वीकार्यता को दर्शाता है। 9 मार्च से शुरू हुआ यह एक सप्ताह का अभ्यास कार्यक्रम चार महाद्वीपों के सैन्य कर्मियों को इमर्सिव ट्रेनिंग जैसे एआर, वीआर यूज करने के तरीके को सिखाना है।
प्रशिक्षण में शामिल होने वाले प्रमुख देश और बल
| देश | रक्षा बल (Defence Forces) |
| कनाडा | रॉयल कैनेडियन एयर फोर्स |
| इजरायल | इजरायली एयर फोर्स |
| भारत | भारतीय नौसेना |
| जर्मनी | जर्मन रक्षा बल (बुंडेसवेहर) |
| ऑस्ट्रेलिया | ऑस्ट्रेलियाई वायु सेना |
| इटली | इतालवी वायु सेना |
| स्वीडन | स्वीडिश सशस्त्र बल |
| अमेरिका | यूनाइटेड स्टेट्स एयर फोर्स |
क्या-क्या दी जा रही ट्रेनिंग?
- फ्लाइट-टेस्ट प्लानिंग: मिशन से पहले उड़ान की सटीक योजना बनाना।
- परिचालन तैनाती : युद्ध या निगरानी की स्थिति में ड्रोन को तैनात करना।
- टेलीमेट्री मॉनिटरिंग: वास्तविक समय में डेटा और उड़ान मापदंडों की निगरानी।
- पेलोड ऑपरेशंस: ड्रोन पर लगे सेंसर और कैमरों का प्रभावी उपयोग।
- पोस्ट-फ्लाइट डेटा विश्लेषण: मिशन के बाद प्राप्त जानकारी का सटीक मूल्यांकन।
किन बातों पर होगा फोकस?
इसके जरिए विभिन्न रक्षा ऑपरेशनों में एकीकृत हवाई प्रणालियों के प्रदर्शन का आकलन करने में मदद मिल सकेगी। 'स्विच' यूएवी, जो अपनी लंबी दूरी और वर्टिकल टेक-ऑफ (VTOL) क्षमताओं के लिए जाना जाता है, इस प्रशिक्षण का केंद्र बिंदु है।
यह उपलब्धि न केवल आइडियाफोर्ज के लिए, बल्कि भारत के 'मेक इन इंडिया' और 'आत्मनिर्भर भारत' अभियान के लिए एक बड़ी जीत है, जो अब वैश्विक सुरक्षा मानकों को आकार दे रही है।
आइडियाफोर्ज टेक्नोलॉजी के शेयर 1 साल में 29% उछले
आइडियाफोर्ज टेक्नोलॉजी लिमिटेड 2007 में बनी थी, जो ड्रोन बनाने का काम करती है। कंपनी लगभग कर्ज मुक्त है। हालांकि प्रमोटर की हिस्सेदारी कम है, जो कि 33.4% है। इसका शेयर पिछले एक महीनों में 4.12% तक उछला है। एक साल में इसने 29 फीसदी तक का रिटर्न दिया है। 6 महीने में इसमें 9.07 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है।
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(डिस्क्लेमर: यहां शेयरों को लेकर दी गई जानकारी निवेश की राय नहीं है। चूंकि, स्टॉक मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है इसलिए निवेश करने से पहले किसी सर्टिफाइड इन्वेस्टमेंट एडवाइजर से परामर्श जरूर करें।)
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