Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    अफगानिस्तान की तालिबान सरकार को ICC ने दी खुली चुनौती, महिला क्रिकेटरों के लिए बनाया खास प्लान

    Updated: Tue, 14 Jul 2026 12:19 AM (IST)

    तालिबान द्वारा महिलाओं पर प्रतिबंध के बाद, आईसीसी ने अफगान महिला शरणार्थी क्रिकेटरों का समर्थन करने का फैसला किया है। इसका उद्देश्य उन्हें 2030 तक आईस ...और पढ़ें

    अफगानिस्तान महिला क्रिकेट टीम

    अफगानिस्तान महिला क्रिकेट टीम

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। अफगानिस्तान में 2021 में तालिबान के दोबारा सत्ता हासिल करते ही महिलाओं के ऊपर कई तरह की पाबंदी लगा दी गई। इसी कड़ी में महिलाओं को क्रिकेट खेलने पर भी बैन लगा दिया गया। इसके बाद अफगानिस्तान की महिला क्रिकेटर ऑस्ट्रेलिया में शरण लेकर रह रही हैं और कुछ विशेष मैचों में उन्हें खेलने का मौका मिलता है।

    अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने महिलाओं पर खेल में हिस्सा लेने के लिए प्रतिबंध लगा रखा है। अफगानिस्तान की महिला टीम भी मेंस टीम की तरह ही लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रही थी और खुद इंटरनेशनल क्रिकेट में स्थापित करने की कोशिश कर रही थी। हालांकि, तालिबान के सत्ता में आते ही सब कुछ बदल गया। ऐसे में अब आईसीसी ने उनकी स्थिति सुधारने के लिए बड़ा फैसला किया है।

    ICC ने अफगानिस्तान की महिला क्रिकेटर को दिया समर्थन

    आईसीसी ने अफगानिस्तान की महिला शरणार्थी क्रिकेट टीम को बड़ा समर्थन दिया है। आईसीसी का लक्ष्य है कि 2030 तक ये खिलाड़ी आईसीसी की योग्यता प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले सकें। आईसीसी की सालाना बैठक में बोर्ड ने डेवलपमेंट पाथवे प्रोग्राम को जारी रखने की मंजूरी दी। साथ ही एक स्पेशल टास्क फोर्स को फिर से बनाया गया है, जो टीम के भविष्य के लिए रोडमैप तैयार करेगा।

    इस टास्क फोर्स में अब और सदस्य शामिल किए गए हैं। आईसीसी इंडिपेंडेंट डायरेक्टर डॉ. रोज रिवाज और आईसीसी चीफ एक्जीक्यूटिव्स कमिटी की सदस्य सारा कीन भी इसमें शामिल हुई हैं। इनके अलावा बीसीसीआई, क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड-वेल्स क्रिकेट बोर्ड के प्रतिनिधि भी टास्क फोर्स का हिस्सा हैं।

    खबरें और भी

    खिलाड़ियों को ICC की पहल से क्या मिलेगा?

    इस कार्यक्रम के तहत अफगान महिला शरणार्थी खिलाड़ियों को लगातार सहायता दी जाएगी। इसमें अच्छी क्रिकेट कोचिंग, फिटनेस और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग, फिजियोथेरेपी, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और कनाडा जैसे देशों में ट्रेनिंग की सुविधा शामिल है। खिलाड़ी टीम के रूप में एक साथ टूर पर भी जाएंगी। पिछले साल भारत और इंग्लैंड का दौरा सफल रहा था। आगे धीरे-धीरे ज्यादा मैचों का आयोजन किया जाएगा ताकि वे आईसीसी इवेंट्स की तैयारी कर सकें।

    अफगानिस्तान की खिलाड़ी ने दी प्रतिक्रिया

    अफगान शरणार्थी क्रिकेटर नाहिदा सपान ने इस फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा, "इस कार्यक्रम ने हमारी जिंदगी में बड़ा बदलाव लाया है। हम न सिर्फ क्रिकेट खेल पा रहे हैं, बल्कि टीम के रूप में एक साथ जुड़ भी पा रहे हैं। हमें खुशी है कि आईसीसी ने हमें भी दूसरे देशों की खिलाड़ियों जैसा अधिकार और मौका दिया है।"

    यह भी पढ़ें- ICC के नए प्लान पर भड़के कप्तान शुभमन गिल, वनडे क्रिकेट के वजूद को बचाने के लिए दिया बड़ा सुझाव

    यह भी पढ़ें- IND W vs ENG W: इंग्लैंड को रौंदकर भारतीय महिला टीम ने बदला 142 साल का इतिहास, टेस्ट क्रिकेट में पहली बार किया खास कारनामा