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    घर, गाड़ी और बैंक... आपकी हर कीमती चीज सुरक्षित रखने वाले इस महान आविष्कारक को जानते हैं आप?

    Updated: Tue, 07 Apr 2026 11:28 AM (IST)

    क्या आपने कभी सोचा है कि आपके घर, गाड़ी या बैंक को सुरक्षित रखने वाले ताले का आविष्कार किसने किया था? ...और पढ़ें

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    लिनस येल जूनियर: वह जीनियस आविष्कारक, जिसने 4000 साल पुरानी तकनीक से बदल दी दुनिया की सुरक्षा (Image Source: X)

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    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। आज हम जो ताले इस्तेमाल करते हैं, उसकी नींव एक महान अमेरिकी आविष्कारक लिनस येल जूनियर ने रखी थी। 4 अप्रैल 1821 को जन्मे लिनस का 'पिन-टम्बलर सिलेंडर लॉक' आज भी सुरक्षा की दुनिया में सबसे अहम माना जाता है, क्योंकि इसे तोड़ना बेहद मुश्किल है।

    पेंटिंग का शौक रखने वाला लड़का कैसे बना 'Lock King'?

    लिनस येल जूनियर का जन्म अमेरिका के न्यूयॉर्क स्थित सैलिस्बरी में हुआ था। बचपन में उन्हें पेंटिंग करने का बहुत शौक था और उन्होंने केवल सामान्य स्कूली शिक्षा ही प्राप्त की थी। हालांकि, उनके पिता (लिनस येल सीनियर) खुद एक मशहूर ताला निर्माता और आविष्कारक थे। अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद जूनियर येल भी अपने पिता के व्यवसाय से जुड़ गए। यहीं से उन्होंने काम करते हुए इंजीनियरिंग और डिजाइन की गहरी समझ हासिल की और नए प्रयोग करने शुरू कर दिए।

    साल 1857 में उन्होंने अपने एक रिश्तेदार हल्बर्ट ग्रीनलीफ के साथ मिलकर एक कंपनी की शुरुआत की। बाद में, उन्होंने मैसाचुसेट्स में अपनी वर्कशॉप स्थापित की, जहां उनका मुख्य ध्यान बैंकों के लिए सुरक्षित ताले बनाने पर था।

    Linus Yale Jr

    (Image Source: X)

    मिस्र की सभ्यता से आया 'आधुनिक ताले' का आइडिया

    लिनस येल जूनियर का सबसे बड़ा कारनामा 'पिन-टम्बलर लॉक' को एक आधुनिक और सुरक्षित रूप देना था। आपको जानकर हैरानी होगी कि इस ताले की मूल तकनीक लगभग 4000 साल पुरानी मिस्र सभ्यता से जुड़ी हुई थी। येल ने इस प्राचीन तकनीक को लिया और इसे बेहद सरल, मजबूत और भरोसेमंद बना दिया।

    इस लॉक के अंदर अलग-अलग लंबाई के छोटे-छोटे पिन लगे होते हैं। जब इसमें सही चाबी डाली जाती है, तभी ये पिन एक सीध में आते हैं और ताला खुलता है। पहले के ताले बहुत भारी और जटिल होते थे, लेकिन येल ने छोटे, हल्के और इस्तेमाल में आसान ताले बनाए। उन्होंने चपटी चाबी का डिजाइन भी दुनिया के सामने पेश किया, जिसे आसानी से जेब में रखा जा सकता था।

    ताले में ऐसा क्या था जो कोई नहीं तोड़ पाया?

    येल ने तालों को 'मॉड्यूलर' बना दिया, जिसका मतलब था कि लॉक और सिलेंडर के हिस्सों को अलग-अलग तैयार किया जा सकता था। इससे पूरे ताले को बदलने के बजाय उसे रिपेयर करना आसान हो गया। उनके इस कदम से ताले बड़े पैमाने पर बनने लगे और सस्ते होने के साथ-साथ ज्यादा विश्वसनीय भी हो गए।

    Linus Yale Jr story

    (Image Source: X)

    बैंकों और तिजोरियों की सुरक्षा के लिए उन्होंने बेहद सुरक्षित ताले बनाए। उनका 'मैजिक इंफॉलिबल बैंक लॉक' बहुत मशहूर हुआ। यह बिना स्प्रिंग का ताला था और अगर चाबी खो जाए, तो इसका कॉम्बिनेशन बदला जा सकता था। लिनस को अपने इस ताले की मजबूती पर इतना ज्यादा भरोसा था कि उन्होंने इसे तोड़ने वाले को 3000 डॉलर का इनाम देने का ऐलान कर दिया था।

    चोरों के लिए काल बने येल के ये 3 आविष्कार

    अपने शानदार आविष्कारों के लिए येल ने कई पेटेंट हासिल किए:

    • 1851: बैंकों के लिए पिन-टम्बलर लॉक का पेटेंट।
    • 1863: दरवाजों में इस्तेमाल होने वाले पिन-टम्बलर लॉक का पेटेंट।
    • 1865: पोर्टेबल पिन-टम्बलर पैडलॉक का पेटेंट।

    जिस साल दुनिया छोड़ी, उसी साल रखी थी 'येल लॉक' की नींव

    25 दिसंबर 1868 को लिनस येल जूनियर का निधन हो गया, लेकिन उसी वर्ष उन्होंने हेनरी टाउन के साथ मिलकर स्टैमफोर्ड में 'येल लॉक मैन्युफैक्चरिंग कंपनी' की नींव रखी थी। शुरुआत में यह कंपनी सिर्फ सिलेंडर लॉक बनाती थी। अपने बेहतरीन डिजाइन और शानदार सुरक्षा फीचर्स के कारण कंपनी तेजी से मशहूर हो गई।

    बाद में, इसका नाम 'येल एंड टाउन मैन्युफैक्चरिंग कंपनी' रखा गया। 20वीं सदी की शुरुआत तक इसके उत्पाद दुनिया के 100 से भी ज्यादा देशों में पहुंचने लगे और यह लॉक इंडस्ट्री की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक बन गई। समय के साथ-साथ इस कंपनी ने अपनी तकनीक का विस्तार किया और अंततः साल 2000 में यह ऐतिहासिक कंपनी 'असा अब्लॉय' समूह का हिस्सा बन गई। आज दुनिया भर के घरों, बैंकों और वाहनों में लगे ज्यादातर लॉक सिस्टम लिनस येल जूनियर की इसी बेजोड़ तकनीक पर आधारित हैं।

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