Jack Ryan Ghost War Review: सेम ट्विस्ट ने किरकिरा किया पूरा मजा, बेस्ट एक्शन के बाद भी कहां फीकी पड़ी कहानी?
हॉलीवुड स्टार जॉन क्रासिंस्की एक बार फिर से अनसुलझी गुत्थी को सुलझाने के लिए जैक रायन के किरदार में लौटे। उनका किरदार दमदार होने के बाद भी कहां बोर कर ...और पढ़ें
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'टॉम क्लैंसीज जैक रायन: घोस्ट वॉर' रिव्यू/ फोटो- Instagram

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
स्मिता श्रीवास्तव, मुंबई। अमेरिकी राजनीतिक एक्शन-थ्रिलर फिल्म टाम क्लैंसीज जैक रायन: घोस्ट वार टॉम क्लैंसी द्वारा रचित काल्पनिक पात्रों पर आधारित है और अमेजन प्राइम वीडियो की टीवी श्रृंखला जैक रायन (2018–2023) की कहानी को आगे बढ़ाती है। अमेजन प्राइम वीडियो पर 20 मई को रिलीज हो रही इस फिल्म में जान क्रासिंस्की एक बार फिर जैक रायन की भूमिका निभाते नजर आएंगे।
टॉम क्लैंसी ने जैक रायन पर पहला उपन्यास साल 1984 में द हंट फार रेड अक्टूबर प्रकाशित किया था। उसके बाद उन्होंने 18 उपन्यास लिखे, जिनमें से पांच पर फिल्में बनीं। इन फिल्मों में एलेक बाल्डविन, हैरिसन फोर्ड, बेन एफ्लेक और क्रिस पाइन जैसे अभिनेताओं ने जैक रायन का किरदार निभाया। इनमें से क्रिस पाइन वाली फिल्म उपन्यास पर आधारित नहीं थी।
कैसे आगे बढ़ी घोस्ट वॉर की कहानी?
साल 2023 में आए चौथे सीजन में जैक रायन अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआइए की दुनिया को हमेशा के लिए छोड़ चुका था। घोस्ट वार में जैक रायन न्यूयार्क में आम नागरिक की जिंदगी जी रहा होता है। सीआइए के उपनिदेशक जेम्स ग्रीयर (वेंडेल पियर्स) उससे दुबई में एक मुखबिर से रहस्यमयी पैकेज लाने को कहते हैं। जैक पहले तैयार नहीं होता फिर मान जाता है। मिशन में उसके साथ माइक नवंबर (माइकल केली) भी शामिल हैं।
शुरुआत में यह बस एक साधारण मिशन लगता है, लेकिन जल्द ही बड़ी साजिश बन जाता है, जब एक महत्वपूर्ण संपर्क व्यक्ति जैक के असली जवाब पाने से पहले ही मार दिया जाता है। ब्रिटिश खुफिया एजेंसी एमआई 6 की एजेंट एमा मार्लो (सिएना मिलर) के साथ मिलकर काम करने को मजबूर जैक और माइक को एक मिशन के बारे में पता चलता है, जिसका संबंध ग्रीयर के अतीत से है। उनके रास्ते में लियाम क्राउन (मैक्स बीस्ली) आता है। क्या जैक और उसके साथी उस रहस्यमयी पैकेज तक पहुंच सकेंगे कहानी इस संबंध में है।
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प्रभावशाली जगहों पर खोखली लगी फिल्म
जान क्रासिंस्की ने इसे जैक रयान सीरीज के लेखक एरन रैबिन और नोआ ओपेनहाइम के साथ मिलकर लिखा है। उसके बावजूद कहानी दमदार नहीं बन पाई है। हालांकि निर्देशक एंड्रयू बर्नस्टीन ने फिल्म का एक्शन शानदार रखा है जिसकी वजह से फिल्म बोझिल नहीं लगती। कुछ कार के पीछा करने वाले दृश्य बेहद रोमांचक हैं। जैसे शुरुआत में दुबई में एक्शन के दृश्य हो या ग्रीयर का लंदन की सड़कों पर खलनायक का पीछा करना और अंत में दुबई में रोमांचक गोलीबारी।
यह कमजोर पटकथा को संबल देने में मददगार साबित होते हैं। सही मायने में फिल्म उन जगहों पर बेहद खोखली प्रतीत होती है जहां इसे प्रभावशाली होना चाहिए था। कई ट्विस्ट पूर्वानुमानित लगते हैं और कुछ महत्वपूर्ण घटनाएं बिना पर्याप्त प्रभाव के आसानी से गुजर जाती हैं। इसके अलावा फिल्म देखने के दौरन कुछ विज्ञापन सरीखें चीजें भी दिखेंगी जो ध्यान भटकाती हैं, लेकिन दिलचस्प हैं।
जैक के किरदार में जॉन क्रासिंस्की ने भरी जान
बहरहाल, फिल्म भले ही लेखन स्तर पर कमजोर हो, लेकिन जान क्रासिंस्की अब भी जैक के किरदार को मजबूती और सहजता से निभाते हैं। माइक नवंबर के रूप में माइकल केली चिरपरिचित अंदाज में नजर आते हैं। क्रासिंस्की और केली की जोड़ी अब भी कहानी के सबसे मनोरंजक हिस्सों में से एक है, और घोस्ट वार लगातार उनके किरदारों की दोस्ती पर जोर देती रहती है। वहीं, ग्रीयर के रूप में वेंडेल पियर्स अब भी वही गंभीरता और कठोरता लेकर आते हैं। हालांकि उनके पात्र का खुद ही क्राउन को मारने के लिए निकल पड़ना या दुबई में जैक की मदद के लिए हेलिकाप्टर से पहुंचना जैसे प्रसंग उनके किरदार की गहराई को कम आंकते प्रतीत होते हैं। एमा मार्लो के रूप में सिएना मिलर भी मजबूत कड़ी साबित होती हैं। उनके हिस्से में कई दमदार एक्शन सीन आए हैं।
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फिल्म में बेट्टी गैब्रियल भी लौटती हैं, जो सीरीज के तीसरे और चौथे सीजन से एलिजाबेथ राइट की भूमिका दोहराती हैं और अब सीआईए की निदेशक के रूप में दिखाई देती हैं। वह सीमित स्क्रीन में भी अपना प्रभाव छोड़ती हैं। क्राउन बने मैक्स बीस्ली ने संयमित तरीके से पात्र को जिया है। हालांकि उनके पात्र को और मजबूत बनाने की जरूरत थी। कुल मिलाकर जैक रयान: घोस्ट वार कमजोर पटकथा की वजह से मंझे कलाकार की मौजूदगी के बावजूद अपना गहरा प्रभाव छोड़ने में नाकाम रहती है।