वैष्णो देवी आने वाले श्रद्धालुओं को अब मिलेगा 10 लाख का बीमा फ्री, श्राइन बोर्ड की बैठक में कई प्रस्तावों पर लगी मुहर
श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने कटड़ा में एक वैश्विक आध्यात्मिक संग्रहालय स्थापित करने को मंजूरी दी है। बैठक में तीर्थयात्रियों के लिए सुविधाओं ...और पढ़ें
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श्राइन बोर्ड की बैठक की अध्यक्षता करते एलजी मनोज सिन्हा। फोटो जागरण
राज्य ब्यूरो, जम्मू। श्रीमाता वैष्णो देवी के आधार शिविर कटड़ा में माता वैष्णो देवी को समर्पित वैश्विक आध्यात्मिक संग्रहालय स्थापित किया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय स्तर के माता वैष्णो देवी जी को समर्पित शक्ति संग्रहालय के निर्माण की प्रारंभिक अवधारणा को श्राइन बोर्ड ने एशियन हेरिटेज फाउंडेशन के परामर्श से मंजूरी दी है।
यह प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय कटड़ा के नटाली क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा, जो अपने आप में पहला होगा और एक धार्मिक, शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके साथ ही अत्याधुनिक लाइट एंड साउंड शो के माध्यम से पौराणिक कथाओं को परंपरा और नवाचार के संगम से जीवंत रूप में प्रस्तुत किया जाएगा। परियोजना को आगामी महीनों में शुरू कर दो वर्षों के भीतर पूर्ण किया जाएगा।
वैष्णो देवी आने वाले श्रद्धालुओं को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा की अध्यक्षता में श्रीमाता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए, जिसमें श्रीमाता वैष्णो देवी की यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। साथ ही कर्मियों के कल्याण के लिए भी अहम कदम उठाए गए हैं।
श्रीमाता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की आज हुई अपनी महत्वपूर्ण बैठक में कई दूरगामी और उच्च प्रभाव वाले निर्णय लिए, जिनका उद्देश्य माता वैष्णो देवी धाम और उसके आसपास के क्षेत्र को भारत का अग्रणी एवं विश्वप्रसिद्ध आध्यात्मिक गंतव्य बनाना है।
बैठक में श्राइन बोर्ड ने तीन प्रमुख नई पहल को मंजूरी दी। इनमें मां शक्ति की आध्यात्मिक विरासत को समर्पित एक अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय, वैश्विक तीर्थ स्थलों की तर्ज पर अत्याधुनिक लाइट एंड साउंड शो, तथा माता वैष्णो देवी धाम पर आधारित एक वृत्तचित्र (डॉक्यूमेंट्री) का निर्माण शामिल है।
निशुल्क नीट कोचिंग सेंटर स्थापित करने को भी हरी झंडी
श्राइन बोर्ड ने खाली पदों को भरने का निर्णय लेते हुए भर्ती प्रक्रिया शीघ्र शुरू करने का फैसला किया है। इसके साथ ही आसपास के क्षेत्रों के युवाओं के लिए निशुल्क नीट-कोचिंग सेंटर स्थापित करने को भी हरी झंडी दी गई।
माता वैष्णो देवी यात्रा मार्ग पर कार्यरत सेवा प्रदाताओं जैसे घोड़ा-खच्चर वालों (पोनीवालों) आदि के लिए राष्ट्रीय हरित अधिकरण के निर्देशों के अनुरूप पुनर्वास योजना के निर्माण और चरणबद्ध लागू करने को भी मंजूरी दी गई। तीर्थ-यात्रियों की संख्या बढ़ाने, यात्रा अनुभव को बेहतर बनाने और इस संबंध में रणनीति सुझाने के लिए एक समिति का गठन किया गया है।
माता के प्रसाद स्थानीय स्तर पर खरीद का फैसला
श्राइन बोर्ड ने यह भी निर्णय लिया कि स्वयं सहायता समूहों, महिलाओं और स्थानीय युवा उद्यमियों से प्राथमिकता के आधार पर खरीद की जाएगी, ताकि क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले। बोर्ड ने माता के प्रसाद और अन्य सामग्रियों की स्थानीय स्तर पर खरीद का फैसला किया है, जिससे सीधे तौर पर समुदाय के विकास में धन का प्रवाह हो सके।
चूंकि माता वैष्णो देवी धाम कटड़ा शहर को वैश्विक पहचान दिलाता है, इसलिए बोर्ड ने कटड़ा शहर के प्रत्यक्ष विकास में योगदान देने का भी निर्णय लिया है। उपराज्यपाल सिन्हा ने कहा कि श्राइन बोर्ड का संकल्प है कि कटड़ा को स्वच्छ, जीवंत और आधुनिक बुनियादी ढांचे से युक्त बनाया जाए, ताकि यहां के निवासी और करोड़ों श्रद्धालु बेहतर सुविधाओं का लाभ उठा सकें।
बीमा कवर को 5 लाख से बढ़ाकर 10 लाख करने की मंजूरी
श्राइन बोर्ड ने जम्मू क्षेत्र में खेल विकास का नेतृत्व करने का निर्णय लिया है, जिससे युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहन, स्वास्थ्य संरक्षण और जम्मू-कश्मीर को एक राष्ट्रीय खेल शक्ति के रूप में विकसित किया जा सके।
तीर्थ-यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए बीमा कवर को 5 लाख से बढ़ाकर 10 लाख प्रति यात्री करने की भी मंजूरी दी गई। धार्मिक सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए पुजारियों के विशेष प्रशिक्षण पर भी जोर दिया गया। बुनियादी ढांचे और पर्यावरण संरक्षण पर फोकस किया गया।
बैठक में कई प्रमुख परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई, जिनमें भवान से निकास मार्ग, न्यू वैष्णवी भवन, सांजीछत से भवन तक यात्रा मार्ग का चौड़ीकरण, ढलान स्थिरीकरण कार्य, कटरा में श्री शंकराचार्य जी मंदिर, दिव्यांगजन स्कूल (चैतन्य आश्रम, जम्मू) आदि शामिल हैं।
बोर्ड ने सभी परियोजनाओं को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए। श्राइन बोर्ड ने 2026-27 के लिए वार्षिक हरित योजना को मंजूरी देते हुए पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ और हरित कटरा पर विशेष बल दिया।
कई बुनियादी ढांचे परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई
- - भवन में एग्जिट ट्रैक का निर्माण, न्यू वैष्णवी भवन, सांजीछत से भवान तक यात्रा मार्ग का चौड़ीकरण, ढलान स्थिरीकरण कार्य
- - कटड़ा में श्री शंकराचार्य जी मंदिर एवं संबंधित सुविधाएं, तथा जम्मू के चैतन्य आश्रम में दिव्यांगजनों के लिए विद्यालय शामिल हैं। -बोर्ड ने सभी परियोजनाओं में समय सीमा के सख्त पालन और उच्च गुणवत्ता व सुरक्षा मानकों को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
- - गांव हट्ट में विकसित नए हेलीपैड को लेकर बोर्ड ने निर्णय लिया कि संशोधित समझौता ज्ञापन एमओयू के निष्पादन के बाद, श्राइन एक्ट के तहत श्री शिव खोरी श्राइन बोर्ड को तीर्थयात्री ढांचा के विकास एवं उन्नयन के लिए एकमुश्त वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। साथ ही यह भी मंजूर किया गया कि दोनों तीर्थ स्थलों की हेली सेवाएं एक ही हेलीपैड से संचालित होंगी, जिससे श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी।
इन प्रस्तावों को मिली स्वीकृति
- श्राइन बोर्ड ने रियासी और उधमपुर जिलों में अगस्त-सितंबर 2025 की भारी बारिश से क्षतिग्रस्त 15 स्कूलों के केवल पांच महीनों में नवीनीकरण किए जाने की सामुदायिक कल्याण पहल की सराहना की। भवन में साधना कक्ष (ध्यान केंद्र) की स्थापना को श्रद्धालुओं के आध्यात्मिक कल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए बोर्ड ने इसकी सराहना की। साथ ही एसएमवीडी चैरिटेबल सोसाइटी के अंतर्गत संचालित गुरुकुल, अस्पताल, खेल परिसर और नर्सिंग कॉलेज को अनुदान सहायता प्रदान करने की भी स्वीकृति दी गई।
- पर्यावरण संरक्षण को लेकर बोर्ड द्वारा उठाए गए कदमों की सराहना करते हुए बोर्ड ने वर्ष 2026- 27 के लिए व्यापक वार्षिक हरित योजना को मंजूरी दी। उपराज्यपाल ने मुख्य कार्यकारी अधिकारी को स्वच्छ एवं हरित कटड़ा नगर और उसके आसपास के क्षेत्रों के लिए पर्यावरणीय प्रतिबद्धता को और मजबूत करने के निर्देश दिए।
- उपराज्यपाल ने तीर्थ-यात्रियों की सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए कई परियोजनाओं की आधारशिला रखी, जिनमें रियासी जिले में तीन नए मंदिरों का निर्माण, जम्मू जिले में दो प्राचीन मंदिरों का 1.21 करोड़ की लागत से जीर्णोद्धार, भैरों जी मंदिर परिसर का पुनर्विकास, तथा भवान और भैरों जी में कर्मचारी आवासों का निर्माण शामिल है।
- इसके अतिरिक्त उन्होंने कटड़ा में नव-निर्मित कॉटेजों का उद्घाटन किया और श्रद्धालुओं के लिए नया पाउच प्रसाद (सूखे मेवे, पवित्र पिंडियों की आकृति वाला अंकित सिक्का एवं पवित्र मौली या कलावा) निशुल्क वितरण को लांच किया।
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