भारतीय पुरुष तलवारवाजी टीम मेडल का खाता नहीं खोल पाने के बावजूद किया बड़ा कारनामा, एशियन गेम्स के लिए किया क्वालीफाई
भारतीय पुरुष फायल तलवारबाजी टीम ने एशियाई सीनियर चैंपियनशिप में पदक न जीतने के बावजूद एशियाई खेलों के लिए सीधे क्वालीफाई कर इतिहास रचा। ...और पढ़ें

भारतीय तलवारबाजी टीम
HighLights
पुरुष फायल टीम ने एशियाई खेलों के लिए सीधे क्वालीफाई किया
शॉटगन निशानेबाज विश्व कप में फॉर्म में वापसी का प्रयास करेंगे
घुड़सवारी टीम चयन विवाद पर दिल्ली उच्च न्यायालय ने फैसला सुरक्षित रखा
पीटीआई, नई दिल्ली। हाल में संपन्न एशियाई सीनियर तलवारबाजी चैंपियनशिप में भारत को भले ही कोई पदक नहीं मिला, लेकिन मेजबान भारतीय टीम के लिए एक बड़ी उपलब्धि रही कि तलवारवाजी में देश की पुरुष फायल टीम ने आगामी एशियाई खेलों के लिए सीधे क्वालीफाई कर लिया है।
भविष्य में यह उपलब्धि इस खेल में देश की उम्मीदों को मजबूत कर सकती है। पहली बार भारत में आयोजित इस महाद्वीपीय प्रतियोगिता में 24 सदस्यीय भारतीय दल ने हिस्सा लिया और एशिया की दिग्गज तलवारबाजी टीमों के विरुद्ध लगातार बेहतर प्रदर्शन किया। भारतीय तलवारबाजों ने जापान और दक्षिण कोरिया जैसी मजबूत टीमों को कड़ी टक्कर दी। कई मुकाबलों में वे केवल एक-दो अंकों के अंतर से पदक से चूक गए, जिससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय तलवारबाजी की बढ़ती प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता का पता चलता है।
भारतीय तलवारबाजी संघ के महासचिव राजीव मेहता का बयान
भारतीय तलवारबाजी संघ (एफएआई) और भारतीय तलवारबाजी परिसंघ (एफसीए) के महासचिव राजीव मेहता ने कहा कि मेजबान टीम ने इस प्रतियोगिता से अहम अनुभव हासिल किया है। एशिया में आठवें स्थान पर काबिज भारत की पुरुष फायल टीम ने टूर्नामेंट सबसे प्रभावशाली प्रदर्शन किया। सचिन, सनासम हेमाश सिंह, तेजस मनोज पाटिल और आदित्य की चौकड़ी ने रिले मुकाबलों में शानदार रणनीतिक खेल दिखाते हुए शीर्ष आठ में जगह बनाई और एशियाई खेलों के लिए भारत का सीधा क्वालीफिकेशन सुनिश्चित किया।
एशियाई खेलों से पहले शॉटगन निशानेबाजों की परीक्षा
पिछले दो विश्व कप में निराशाजनक प्रदर्शन करने वाले भारतीय शॉटगन निशानेबाज इटली के लोनाटो में शनिवार से शुरू हो रहे सत्र के तीसरे आईएसएसएफ शॉटगन विश्व कप में न सिर्फ मजबूत वापसी की कोशिश करेंगें, बल्कि इस प्रदर्शन से सितंबर में जापान में होने वाले एशियाई खेलों के लिए अपनी तैयारी को भी पुख्ता करना चाहेंगे। एशियाई खेलों में अब अधिक समय नहीं बचा है, ऐसे में शॉटगन वर्ग के निशानेबाजों की खराब फॉर्म भारतीय खेमे के लिए चिंता का विषय बन गई है।
खबरें और भी
यह स्थिति इसलिए भी अधिक गंभीर है, क्योंकि राइफल और पिस्टल निशानेबाज लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। भारतीय टीम को अपने विदेशी कोच ब्रिटेन के ओलंपिक डबल ट्रैप चैंपियन पीटर विल्सन के मार्गदर्शन में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद होगी। पिछले दो विश्व कप में उनके मार्गदर्शन का अपेक्षित असर देखने को नहीं मिला।
एशियाई खेलों के लिए ड्रेसेज टीम चयन विवाद पर फैसला सुरक्षित
दिल्ली उच्च न्यायालय ने घुड़सवार अनुष अग्रवाला और सुदीप्ति हाजेला की एशियाई खेलों की ड्रेसेज टीम से बाहर किए जाने को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर शुक्रवार को अपना फैसला सुरक्षित रखा। मुख्य न्यायाधीश डी. के. उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस करिया की पीठ ने दोनों खिलाड़ियों की उस अपील पर विस्तृत सुनवाई की, जिसमें उन्होंने 29 जून के एकल न्यायाधीश के आदेश को चुनौती दी थी।
एकल न्यायाधीश ने इससे पहले चयन प्रक्रिया में हस्तक्षेप से इन्कार कर दिया था, क्योंकि भारतीय घड़सवारी महासंघ (ईएफआइ) ने चयनित खिलाड़ियों की रैंकिंग का मूल्यांकन करने के लिए स्वतंत्र विशेषज्ञ नियुक्त करने के प्रस्ताव से सहमति नहीं जताई थी।