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    मनु भाकर ने कोच जसपाल राणा के निधन को अपूरणीय क्षति कहा, वाराणसी में हुआ अंतिम संस्‍कार

    Updated: Sat, 13 Jun 2026 07:42 PM (IST)

    ओलिंपिक पदक विजेता भारतीय निशानेबाज मनु भाकर ने शनिवार को अपने कोच जसपाल राणा के निधन को अपूरणीय क्षति बताया। ...और पढ़ें

    जसपाल राणा का वाराणसी में अंतिम संस्‍कार।

    जसपाल राणा का वाराणसी में अंतिम संस्‍कार।

    नई दिल्ली, पीटीआई। ओलिंपिक पदक विजेता भारतीय निशानेबाज मनु भाकर ने शनिवार को अपने कोच जसपाल राणा के निधन को अपूरणीय क्षति बताया। भारत के सर्वश्रेष्ठ पिस्टल निशानेबाजों में से एक जसपाल के मार्गदर्शन में मनु ने पेरिस ओलिंपिक में दो कांस्य पदक जीते थे। राणा का ह्रदय संबंधी विकारों के कारण 49 वर्ष की उम्र में निधन हो गया जिससे भारतीय निशानेबाजी जगत सकते में है।

    वह भारतीय पिस्टल टीम के हाई परफार्मेंस कोच थे। इंटरनेट मीडिया पर दो शब्द की पोस्ट में मनु ने अपनी और राणा की तीन तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि अपूरणीय क्षति। मनु देहरादून में राष्ट्रीय शिविर में भाग ले रही है। राणा का पार्थिव शरीर जब देहरादून लाया गया तो वह मौजूद थी और अपने आंसुओं पर काबू नहीं रख सकीं। उन्हें शुक्रवार की शाम राणा के पिता एन एस राणा और अन्य परिजनों के साथ बैठे देखा गया।

    जसपाल के पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए वाराणसी ले जाया गया
    भारत के दिग्गज पिस्टल निशानेबाज और कोच जसपाल राणा के पार्थिव शरीर को शनिवार को अंतिम संस्कार के लिए एयर एंबुलेंस से वाराणसी ले जाया गया। राणा का गुरुवार को निधन हो गया था। वह 49 वर्ष के थे। उनका पार्थिव शरीर शुक्रवार की शाम को दिल्ली से देहरादून लाया गया था। अंतिम दर्शन के लिए उनका पार्थिव शरीर उनके आवास पर रखा गया था।

    वाराणसी ले जाने से पहले राणा को उनके आवास पर राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। परिवार के करीबी सूत्रों के अनुसार, राणा को भगवान शिव और गंगा में गहरी आस्था थी और उन्होंने अपने जीवनकाल में यह इच्छा व्यक्त की थी कि उनका अंतिम संस्कार वाराणसी में किया जाए।

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