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    क्या आप भी इस दिन कटवाते हैं बाल? प्रेमानंद जी बोले- इससे बढ़ सकती है दरिद्रता

    Updated: Fri, 10 Jul 2026 02:30 PM (IST)

    प्रेमानंद महाराज के अनुसार, शास्त्रों में बाल कटवाने के लिए शुभ-अशुभ दिनों के नियम बताए गए हैं। बुधवार और शुक्रवार को बाल कटवाना शुभ माना जाता है, जबक ...और पढ़ें

    बाल कटवाने के नियम

    बाल कटवाने के नियम

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    धर्म डेस्क, नई दिल्ली। शास्त्रों में दैनिक दिनचर्या से जुड़े नियम के बारे में बताया गया है, जिनका पालन न करने से व्यक्ति के भाग्य, सुख-समृद्धि और स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है। साथ ही जीवन में परेशानियां आ सकती हैं। इसलिए कहा जाता है कि बाल कटवाने से पहले शास्त्रों में वर्णित नियम के बारे में जान लें, वरना जीवन में मुसीबतें आ सकती हैं। बाल कटवाने से जुड़े नियम के बारे में वृंदावन के संत श्री प्रेमानंद महाराज जी ने बताया है।

    उनका कहना है कि रविवार के दिन बाल कटवाने से धन की हानि होती है। इसलिए रविवार के दिन बाल कटवाना अशुभ माना जाता है। ऐसे में आइए इस आर्टिकल में आपको बताते हैं कि श्री प्रेमानंद महाराज जी के अनुसार किस दिन बाल कटवाने चाहिए?

    किस दिन कटवाएं बाल?

    श्री प्रेमानंद महाराज जी का कहना है कि बुधवार और शुक्रवार के दिन बाल कटवाना शुभ माना जाता है।

    hair cutting ke niyam

     

    किस दिन बाल कटवाने की है मनाही?

    श्री प्रेमानंद महाराज जी बताते हैं कि सोमवार के दिन बाल कटवाने से पुत्र की उन्नति में बाधा आती है। इसके अलावा मंगलवार और शनिवार के दिन बाल कटवाने से अकाल मृत्यु का भय बना रहता है। वहीं, गुरुवार के दिन बाल कटवाने से व्यक्ति के मान-सम्मान में कमी आती है। साथ ही रविवार के दिन बाल कटवाने से धन की हानि का सामना करना पड़ता है। इसलिए कहा जाता है कि बाल को कटवाने से पहले शास्तों के नियम के बारे में जरूर जान लें। ऐसा न करने से व्यक्ति को जीवन में कई तरह की परेशनियों का सामना करना पड़ता है।

    इन बातों का भी रखें ध्यान

    • धार्मिक मान्यता के अनुसार, सूर्यास्त के बाद भूलकर भी बाल नहीं कटवाने चाहिए। ऐसा माना जाता है कि इस गलती को करने से घर में दरिद्रता का आगमन होता है।
    • तिथियां- इसके अलावा एकादशी, पूर्णिमा और अमावस्या के दिन भी बाल कटवाने की मनाही है। वर्जित तिथियों पर बाल कटवाना शुभ नहीं माना जाता।
    • ऐसा माना जाता है कि पूर्व या उत्तर दिशा की तरफ मुंह करके बाल कटवाना चाहिए। अन्य दिशा में मुंह करके बाल कतवना अशुभ माना जाता है।

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    अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण अंधविश्वास के खिलाफ है।