Samsung का पहला 'S' सीरीज फोन: जब दुनिया ने देखा Super AMOLED का मैजिक
Samsung के Galaxy S सीरीज के मॉडल्स दुनियाभर में पॉपुलर है। Apple के Pro सीरीज का मुकाबला Samsung के Galaxy S सीरीज के Ultra मॉडल्स से रहता है। ऐसे मे ...और पढ़ें

Samsung Galaxy S Series के पहले फोन की खास बातें।
टेक्नोलॉजी डेस्क, नई दिल्ली। Samsung Galaxy S कंपनी का सबसे पॉपुलर लाइनअप है। ऐसे में हम यहां आपको इसके सबसे पहले मॉडल के बारे में बताने जा रहे हैं। जून 2010 में लॉन्च हुआ ओरिजिनल Samsung Galaxy S (GT-I9000) एक क्रांतिकारी डिवाइस था जिसने स्मार्टफोन इंडस्ट्री का पूरा नजारा बदल दिया। ऐसे समय में जब Apple का iPhone प्रीमियम सेगमेंट पर राज करता था, Galaxy S को पहला ट्रू 'iPhone किलर' बनने के लिए डिजाइन किया गया था, जो सैमसंग की 'थ्री S' फिलॉसफी पर फोकस करता था: सुपर AMOLED, सुपर स्पीड, और सुपर स्लिम।
ये खास क्यों था?
इसकी सबसे खास बात इसका 4-इंच का सुपर AMOLED डिस्प्ले था। स्टैंडर्ड LCDs के उलट, इस स्क्रीन में टच लेयर सीधे पैनल पर इंटीग्रेट की गई थी, जिससे ये पतला, ज्यादा चमकदार और काफी ज्यादा वाइब्रेंट बनता था। आज भी, 'S' सीरीज मार्केट-लीडिंग डिस्प्ले टेक्नोलॉजी का दूसरा नाम है और ये सब यहीं से शुरू हुआ था।
अंदर से, ये परफॉर्मेंस का बादशाह था। इसमें 1GHz 'Hummingbird' प्रोसेसर (जिसे बाद में Exynos नाम दिया गया) और एक PowerVR SGX540 GPU था, जो उस समय किसी भी स्मार्टफोन में सबसे तेज ग्राफिकल प्रोसेसिंग देता था। ये अपने जमाने के हिसाब से काफी पतला भी था, सिर्फ 9.9mm, और DivX HD के लिए सर्टिफाइड होने वाला पहला एंड्रॉयड फोन था, जिससे ये एक पोर्टेबल मीडिया पावरहाउस बन गया।
भारत में लोकप्रियता
भारत में, Samsung Galaxy S जून 2010 में लगभग 31,500 रुपये (गूगल पर मिली जानकारी के मुताबिक) की कीमत पर लॉन्च हुआ था। ये भारतीय मोबाइल मार्केट के लिए एक महत्वपूर्ण पल था क्योंकि तब तक, प्रीमियम बायर्स ज्यादातर नोकिया के सिम्बियन या ब्लैकबेरी डिवाइस तक ही सीमित थे।
एक स्टेटस सिंबल
Galaxy S भारत में टेक के शौकीनों के बीच तुरंत एक स्टेटस सिंबल बन गया। ये 'सोशल हब' फीचर देने वाले पहले डिवाइस में से एक था, जिसने भारतीय यूजर्स की फेसबुक, ट्विटर और ईमेल में बढ़ती दिलचस्पी को एक जगह इंटीग्रेट किया।
Galaxy ब्रांडिंग
ये फोन वो वजह बना जिसने 'गैलेक्सी' को भारत में घर-घर का नाम बना दिया। इसकी सफलता के कारण सैमसंग आज भी इस ब्रांडिंग वाले लाखों मॉडल्स बेचता है।
मीडिया कंजम्पशन
एक ऐसे देश में जहां बॉलीवुड और म्यूजिक एंटरटेनमेंट का मुख्य जरिया हैं, फोन की हाई-क्वालिटी वीडियो फॉर्मेट चलाने की क्षमता और इसकी 'शानदार' स्क्रीन ने इसे शुरुआती भारतीय स्मार्टफोन अपनाने वालों के लिए पसंदीदा ऑप्शन बना दिया। जब इसे बंद किया गया, तब तक इसके 25 मिलियन से ज्यादा यूनिट्स दुनिया भर में बिक चुके थे, जिसने एक ऐसी विरासत की नींव रखी जो आज भी भारतीय प्रीमियम स्मार्टफोन मार्केट में सबसे आगे है।
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