फिजूल खर्च रोकने को दूल्हा-दुल्हन ने नए तरीके से कर ली शादी, रिश्तेदार भी रहे गए हैरान
बिधूना में एक अनोखी शादी हुई जहाँ फिजूलखर्ची रोकने के लिए दूल्हा-दुल्हन ने परिवार की सहमति से तहसील परिसर के शिव मंदिर में विवाह किया। उन्होंने एक-दूसरे को वरमाला डालकर जीवन भर साथ निभाने का वचन दिया। बिना किसी अतिरिक्त खर्च के शादी संपन्न हुई जो क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई।

संवाद सहयोगी, बिधूना। शादी में फिजूल खर्च रोकने के लिए शनिवार को स्वजन की रजामंदी के बाद तहसील परिसर में बने शिव मंदिर में दूल्हा-दुल्हन ने शादी रचाई। एक दूसरे के गले में जयमाला डालकर जीवनभर साथ निभाने का वचन दिया।
क्षेत्र के एक गांव निवासी युवक की मिर्जापुर जनपद निवासी एक युवती के शादी तय हो चुकी थी। 26 अगस्त को स्वजन की रजामंदी के बाद गोदभराई की रस्म अदा की गई थी। दोनों परिवार शादी में फिजूल खर्च रोकने के पक्ष में थे। जिसके चलते दोनों पक्षों में आपस में बातचीत हुई।
जिसके बाद बाद शनिवार सुबह दुल्हन पक्ष के सभी लोग बिधूना आ गए। दूल्हा पक्ष के लोगों ने उनकी आवभगत की। जिसके बाद दोपहर को तहसील परिसर में स्थित शिव मन्दिर में भगवान को साक्षी मानकर हिंदू रीति रिवाज के साथ शादी हुई। दाेनों ने एक दूसरे को वर माला पहनाकर भगवान भोलेनाथ से आशीर्वाद लिया।
भगवान के सामने दूल्हा-दुल्हन ने एक दूसरे का साथ निभाने की कसम खाई। शादी संपन्न होने के बाद पति-पत्नी दोनों ने स्वजन से भी आशीर्वाद लिया। युवक के पिता ने बताया कि बिना किसी अतिरिक्त खर्चे के शादी समारोह पूरा हो गया। स्वजन की सहमति से बिना खर्चे वाली यह शादी क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी रही।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।