आजमगढ़ में बदरहुआ पर चार सेमी घटी सरयू, खतरा बिंदु से अभी भी नदी का जलस्तर ऊपर
Flood in Azamgarh आजमगढ़ जिले के सगड़ी तहसील में सरयू नदी का जलस्तर कुछ कम हुआ है लेकिन खतरा अभी भी काफी हर तक बना हुआ है। बदरहुआ और डिघिया नाला पर जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर है। बैराजों से लगातार पानी छोड़े जाने से स्थिति गंभीर बनी हुई है।

जागरण संवाददाता, रौनापार (आजमगढ़)। तहसील सगड़ी के देवारा बहने वाली सरयू नदी की रफ्तार रविवार काे धीमी हो गई। सुबह आठ से शाम चार बजे तक मुख्य माप स्थल बदरहुआ नाला पर चार सेंटीमीटर और डिघिया नाला पर दो सेंटीमीटर की कमी दर्ज की गई।
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हालांकि अभी भी जलस्तर बदरहुआ नाला पर खतरा बिंदु से 48 सेंटीमीटर ऊपर और डिघिया नाला पर खतरा बिंदु से 97 सेंटीमीटर ऊपर नदी बह रही है। उधर, शारदा, गिरिजा व सरयू बैराज से सातवें दिन भी दो लाख, 94 हजार, 997 क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जिससे नदी का जलस्तर एक बार फिर बढ़ने की आशंका है। तीनों बैराजों से अब 20 लाख, तीन हजार, 740 क्यूसेक पानी छोड़ा जा चुका है। तीनों बैराजों से अब 26 लाख, 29 हजार, 544 क्यूसेक पानी छोड़ा जा चुका है। बाढ़ के कारण अभी दुश्वारियां कम नहीं हो रही है।
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बाढ़ के पानी से लगभग 25 हजार आबादी प्रभावित हो गई है। देवारा खास राजा के बगहवा का पुरवा स्थित परिषदीय विद्यालय में शनिवार को ही बाढ़ का पानी पहुंच गया है, जिससे अवकाश के बाद सोमवार को स्कूल खुलने पर बच्चों का पठन-पाठन बाधित रहेगा। जलस्तर में वृ़द्धि के साथ ही महुला-गढ़वल बांध के तटवर्ती गांव चक्की हाजीपुर, भदौरा, शाहडीह, बूढनपट्टी, बांका, अभ्भनपट्टी,मानिकपुर, सोनौरा,जमुवारी गांव के रास्तों पर पानी चढ़ गया है।
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लोग घुटने तक पानी से होकर आवागमन कर रहे हैं। तटवर्ती क्षेत्र में चारों तरफ पानी फैल जाने से लोगों को घर से निकलते ही पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। प्रभावित कई गांवों के ग्रामीण निजी नावों से ही आवागमन कर रहे हैं। देवारा खास राजा के बगहवा व झगरहवा पुरवा, सहनूडीह के अलावा परसिया, उर्दिहा, गांगेपुर, शाहडीह गांव के समीप धीमी गति से कटान हो रही है। अब तक लगभग छह एकड़ खेती की जमीन नदी की धारा में समा चुकी है।
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चार दिन में नदी के जलस्तर की स्थिति
बुधवार शाम चार बजे बदरहुआ नाला पर जलस्तर न्यूनतम गेज 70.25 मीटर से ऊपर 71.26 मीटर, गुरुवार शाम चार बजे 71.55 मीटर, शुक्रवार शाम चार बजे 1.55 मीटर ऊपर, शनिवार शाम चार बजे एक मीटर, 91 सेंटीमीटर और रविवार को भी एक मीटर, 91 सेंटीमीटर पर रिकार्ड किया गया। इस स्थान पर रविवार शाम चार बजे खतरा बिंदु 71.68 मीटर ऊपर 72. 16 मीटर और डिघिया नाला पर खतरा बिंदु 70.40 मीटर से ऊपर 71.39 मीटर पर जलस्तर रिकार्ड किया गया।
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अभी तक सरकारी नाव की व्यवस्था नहीं
अभी तक प्रशासन की तरफ से सरकारी नाव की व्यवस्था सुनिश्चित नहीं की गई है। ऐसे में यदि बाढ़ के पानी से घिरे गांव के लोगों को आकस्मिक सेवा के लिए महुला-गढ़वल बांध तक जाना पड़े तो उन्हें काफी परेशानी होगी।
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