Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    देहरादून विश्वविद्यालय के छात्रों को जर्मनी में पढ़ाई का मौका, उच्च पैकेज पर मिलेगा रोजगार

    Updated: Fri, 29 Aug 2025 09:34 AM (IST)

    उत्तराखंड के युवाओं को जर्मनी में नौकरी का अवसर मिलेगा। दून विश्वविद्यालय के छात्रों को जर्मनी में पढ़ाई का मौका मिलेगा और दस छात्रों को छात्रवृत्ति मिलेगी। जर्मनी के प्रतिनिधिमंडल ने सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का दौरा किया और युवाओं के लिए स्वास्थ्य ऑटोमोबाइल जैसे क्षेत्रों में अवसर बताए। प्रशिक्षण के दौरान वजीफा और नौकरी मिलने पर अच्छी आय भी मिलेगी।

    Hero Image
    दून विवि में आयोजित कार्यशाला में जर्मनी के प्रतिनिधियों के साथ कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री सौरभ बहुगुणा। जागरण

    राज्य ब्यूरो, जागरण, देहरादून। उत्तराखंड के कुशल युवाओं को जर्मनी में उच्च पैकेज पर नौकरी का अवसर मिलेगा। दून विवि के छात्रों को जर्मनी में पढ़ाई करने एवं 10 मेधावी छात्रों को जर्मनी छात्रवृत्ति भी प्रदान करेगा। यह घोषणा जर्मनी से आए प्रतिनिधिमंडल के सदस्य इनोवेशन हब राइन माइन जर्मनी के सीईओ स्टीफन विट्टेकिंड एवं राउनहाइम के मेयर डेविड रेंडल ने की। जर्मनी प्रतिनिधिमंडल का यह दौरा रोजगार और शिक्षा के वैश्विक अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    प्रतिनिधिमंडल ने अपने तीन दिवसीय दौरे के दौरान सहसपुर (सेलाकुई) स्थित सेंटर आफ एक्सीलेंस और दून विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रमों में भाग लिया। प्रतिनिधिमंडल ने सेंटर आफ एक्सीलेंस में स्थापित ओवरसीज़ एंप्लायमेंट सेल का निरीक्षण किया, जो कौशल विकास एवं रोजगार विभाग की ओर से संचालित है।

    जर्मन प्रतिनिधियों ने केंद्र में दिए जा रहे प्रशिक्षण की सराहना की। कहा कि उत्तराखंड के युवा जर्मनी की औद्योगिक जरूरतों को पूरा करने में सक्षम हैं। उन्होंने स्वास्थ्य, आटोमोबाइल, लाजिस्टिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटलीकरण जैसे क्षेत्रों में अपार अवसर मौजूद होने की बात कही।

    प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि इच्छुक युवाओं को जर्मन भाषा में दक्षता हासिल करनी होगी। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें प्रति माह 600 से 1000 यूरो तक वजीफा मिलेगा और उद्योग में समायोजन के बाद उनकी आय 1500 यूरो या उससे अधिक हो सकती है।

    इनोवेशन हब राइन माइन जर्मनी के सीईओ स्टीफन विट्टेकिंड ने कहा कि जर्मनी में विशेषकर नर्सिंग और आटोमोबाइल सेक्टर में भारतीय युवाओं के लिए बड़े अवसर उपलब्ध हैं। प्रतिनिधिमंडल ने दून विवि में आयोजित गेटवे टू जर्मनी ब्रिजिंग स्किल गैप्स, बिल्डिंग फ्यूचर्स कार्यक्रम में भी भाग लिया।

    इस मौके पर जर्मनी के विदेशी निवेश प्रकोष्ठ के सलाहकार सौरभ भगत, कौशल विकास एवं रोजगार सचिव सी रवि शंकर, उच्च शिक्षा सचिव रंजीत कुमार सिन्हा मौजूद रहे।

    यह भी पढ़ें- लो आ गई तारीख, देहरादून में 23 सितंबर से शुरू होगा रोमांच; उत्तराखंड प्रीमियर लीग में लगेंगे चौके-छक्‍के

    वैश्विक अवसरों के लाभ को भाषा दक्षता आवश्यक : सौरभ बहुगुणा

    कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री सौरभ बहुगुणा ने कहा कि वैश्विक अवसरों का लाभ उठाने के लिए भाषा दक्षता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार जर्मनी के साथ साझेदारी को लेकर आशय पत्र पर हस्ताक्षर करेगी, जिससे कौशल विकास, प्रौद्योगिकी और उभरते क्षेत्रों में दीर्घकालिक सहयोग स्थापित होगा।

    भारत-जर्मनी संबंधों को मिलेगी मजबूती : डंगवाल

    इस अवसर पर दून विवि की कुलपति प्रो. सुरेखा डंगवाल ने कहा कि इस प्रकार के अवसर न केवल उत्तराखंड के युवाओं के लिए वैश्विक अवसरों के द्वार खोलेगी बल्कि भारत-जर्मनी संबंधों को भी नई मजबूती प्रदान करेगी। उन्होंने कहा दून विवि के दस छात्रों को जर्मनी में छात्रवृत्ति मिलना गर्व की बात है।