होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों को टोल के साथ देना होगा पूरा ब्यौरा, किन देशों को मिलेगा परमिट?
मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट पर अपना नियंत्रण कड़ा कर दिया है, जिससे अब सभी जहाजों को गुजरने के लिए नई टोल प्रक्रिया और विस्तृत ...और पढ़ें
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होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों को देना होगा टोल और विस्तृत ब्योरा (फाइल फोटो- रॉयटर्स)

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जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट पर अपना नियंत्रण और कड़ा कर दिया है। ईरान ने होर्मुज से जाने वाले सभी जहाजों के लिए एक नई टोल प्रक्रिया को अनिवार्य कर दिया है। नई टोल प्रकिया के तहत होर्मुज से जाने वाले जहाजों को पहले अपनी मालिकाना हक, चालक दल और माल का विस्तृत ब्योरा जमा करना होगा।
दरअसल, ईरान ने पहले ही चेतावनी दी थी कि वह अमेरिका या इजरायल से जुड़े जहाजों को होर्मुज से गुजरने की अनुमति नहीं देगा, जबकि अन्य जहाज केवल ईरान की सहमति से ही वहां से गुजर सकेंगे। वहीं, भारत और पाकिस्तान जैसे देशों ने अपने व्यापारिक जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पहले ही ईरान के साथ कूटनीतिक बातचीत शुरू कर दी है।
ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों के लिए नए नियम लागू किए हैं और उनसे टोल वसूलना शुरू कर दिया है। शिपिंग और समुद्री व्यापार से जुड़ी खबरें और जानकारी देने वाले उद्योग जर्नल लॉयड्स लिस्ट ने बताया, "पर्शियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी (PGSA) ने पहले ही एक नया ढांचा पेश किया है, जिसके तहत जहाजों को रवाना होने से पहले गुज़रने की अनुमति लेनी होगी और टोल चुकाना होगा।"
गुजरने के पहले देनी होगी डिटेल
जानकारी के अनुसार, ईरान ने होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों से 40 से अधिक जानकारी मांगी है, जिनमें जहाजों को अपना नाम, पहचान संख्या, कोई पिछला नाम, मूल देश और मंजिल, जहाज के पंजीकृत मालिकों, संचालकों और चालक दल की राष्ट्रीयता, साथ ही जहाज पर लदे माल का ब्योरा भी देना होगा। होर्मजु से सुरक्षित गुजरने की चाह रखने वाले सभी जहाजों को अपनी मालिकाना हक, बीमा, चालक दल की जानकारी और गुजरने के तय रास्ते का विस्तृत ब्योरा जमा करना होगा।
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ईमेल के जरिए मिलेंगे निर्देश
होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों को info@PGSA.ir ईमेल पते से नियम-कायदे भेजे गए हैं। PGSA के अनुसार, इस जलमार्ग से जहाजों के गुजरने से पहले, फॉर्म में पूरी और सही जानकारी भरकर उसे संबंधित अधिकारी को ईमेल करना जरूरी है। इसमें कहा गया है कि गुजरने के अनुरोधों पर कार्रवाई करने के बाद, जहाजों को आगे के निर्देश ईमेल के जरिए भेजे जाएंगे।
इसमें यह चेतावनी भी दी गई है कि दी गई कोई भी गलत या अधूरी जानकारी पूरी तरह से आवेदक की जिम्मेदारी होगी, और इसके जो भी नतीजे होंगे, उन्हें उसी के अनुसार भुगतना होगा।
किन-किन देशों को है होर्मुज पार करने की अनुमति?
ईरान ने होर्मुज से गुजरने की इच्छा रखने वाले किसी भी देश को कोई विशेष रियायत देने के बारे में कोई बयान जारी नहीं किया है। हालांकि, ईरान की सेना ने चेतावनी दी है कि जो देश तेहरान के खिलाफ अमेरिका के प्रतिबंधों का पालन करेंगे, उन्हें इस जलमार्ग को पार करने में मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा।
सेना के अधिकारी मोहम्मद अकरमिनिया ने रविवार को ईरान की आधिकारिक समाचार एजेंसी IRNA को बताया, होर्मुज स्ट्रेट में एक नई कानूनी और सुरक्षा व्यवस्था लागू की है। इससे आर्थिक, सुरक्षा और राजनीतिक लाभ मिलेंगे। अब से, जो भी जहाज यहां से गुज़रना चाहेगा, उसे हमारे साथ तालमेल बिठाना होगा।"
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