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    खाड़ी युद्ध का गहराता असर: ईरान में 10 लाख नौकरियों पर मंडराया खतरा

    Updated: Sun, 10 May 2026 11:22 PM (IST)

    पश्चिम एशिया में अमेरिका-ईरान युद्ध और प्रतिबंधों के कारण ईरान के रोजगार बाजार पर गहरा असर पड़ा है। लगभग 10 लाख नौकरियां खतरे में हैं, और इंटरनेट प्रत ...और पढ़ें

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    ईरान में 10 लाख नौकरियों पर मंडराया खतरा (फोटो- रॉयटर्स)

    डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में अमेरिका-ईरान युद्ध और बढ़ते आर्थिक दबाव का असर अब ईरान के रोजगार बाजार पर साफ दिखाई देने लगा है। लंबे समय से अमेरिकी प्रतिबंधों का सामना कर रहे ईरान में पिछले दो महीनों के दौरान आर्थिक हालात और बिगड़े हैं, जिसके चलते बड़े पैमाने पर छंटनी की खबरें सामने आ रही हैं।

    युद्ध शुरू होने से करीब दो सप्ताह पहले ईरान सरकार ने इंटरनेट पर कड़े प्रतिबंध लगा दिए थे। इससे देश का तकनीकी और ई-कामर्स क्षेत्र गंभीर संकट में आ गया। तेहरान की एक टेक कंपनी में प्रोडक्ट डिजाइनर के रूप में काम करने वाले बाबक ने न्यूयार्क टाइम्स को बताया कि इंटरनेट बंदी के बाद उनका काम लगभग असंभव हो गया और मार्च में उनकी नौकरी समाप्त कर दी गई।

    युद्ध के दौरान अमेरिकी और इजरायली हमलों में ईरान के कई औद्योगिक प्रतिष्ठानों और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा। वहीं युद्धविराम के बावजूद अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी के कारण ईरान का तेल निर्यात और आयात प्रभावित बना हुआ है।

    10 लाख नौकरियों पर मंडराया खतरा

    ईरानी अधिकारी गुलाम हुसैन मोहम्मदी के मुताबिक, युद्ध के कारण करीब 10 लाख नौकरियां खत्म हो सकती हैं, जबकि 20 लाख लोग प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से प्रभावित हुए हैं।ईरानी जाब प्लेटफार्म पर 25 अप्रैल को एक ही दिन में रिकार्ड 3.18 लाख बायोडाटा जमा हुए, जो पिछले रिकार्ड से 50 प्रतिशत अधिक थे।

    इश्फहान के अर्थशास्त्री आमिर हुसैन खलेघी ने कहा कि युद्ध से पहले ही ईरान महंगाई, भ्रष्टाचार और गिरती मुद्रा जैसी समस्याओं से जूझ रहा था, अब निजी क्षेत्र की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।

    200 कर्मचारियों की छंटनी

    ईरान की प्रमुख ई-कामर्स कंपनी डिजीकाला ने 200 कर्मचारियों की छंटनी की है, जबकि स्टार्टअप कंपनी कामवा ने अपना कारोबार बंद करने की घोषणा कर दी है। तकनीकी उद्योग से जुड़े समूहों का अनुमान है कि इंटरनेट बंदी से ईरान को प्रतिदिन करीब आठ करोड़ डालर का प्रत्यक्ष और परोक्ष नुकसान हो रहा है।

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