'काश अमेरिका समझ पाता...', शांति वार्ता से पहले ईरान का ट्रंप को 'Pride And Prejudice' वाला संदेश
पश्चिम एशिया में जारी संकट के बीच, ईरान के राजदूत रजा अमीरी मोघद्दम ने ट्रंप को 'प्राइड एंड प्रीजुडिस' के माध्यम से संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि धमक ...और पढ़ें

अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर जल्द ही खत्म होने वाला है

समय कम है?
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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में जारी संकट कब खत्म होगा, इसे लेकर फिलहाल कोई अनुमान भी नहीं लगाया जा सकता। अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर जल्द ही खत्म होने वाला है और इससे पहले इस्लामाबाद में होने वाली शांति वार्ता को लेकर संशय बना हुआ है।
एक तरफ ट्रंप ईरान को धमकी दे रहे हैं कि अगर उसने डील नहीं की, तो वह बम बरसा देंगे। वहीं दूसरी तरफ ईरान भी स्थिति स्पष्ट नहीं कर रहा है। पाकिस्तान में ईरान के राजदूत रजा अमीरी मोघद्दम ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर ट्रंप के लिए एक संदेश पोस्ट किया।
मशहूर उपन्यास की पंक्तियां की पोस्ट
रजा अमीरी ने जेन ऑस्टेन के उपन्यास 'प्राइड एंड प्रीजुडिस' की मशहूर शुरुआती पंक्तियों को ही अपने संदर्भ में लिख दिया और कहा कि काश अमेरिका समझ पाता। रजा अमीरी ने लिखा, 'यह एक सर्वमान्य सत्य है कि एक विशाल सभ्यता वाला कोई भी देश धमकी और जोर-जबरदस्ती के तहत बातचीत नहीं करेगा।'
उन्होंने आगे लिखा, 'यह एक महत्वपूर्ण, इस्लामी और धार्मिक सिद्धांत है। काश अमेरिका इसे समझ पाता...'। यह पोस्ट ट्रंप के 'बम फोड़ देंगे' वाले बयान के कुछ घंटों बाद ही आया है। इधर अमेरिका का दावा है कि पाकिस्तान में ईरान के साथ शांति वार्ता आगे बढ़ने वाली है।
जबकि ईरान ने होर्मुज में अपना जहाज जब्त होने के बाद बैठक में न शामिल होने की धमकी दी है। दोनों देशों के बीच अपनी-अपनी महत्वकांक्षाओं को लेकर ठनी हुई है। ट्रंप ऐसी डील चाहते हैं जिससे तेल की कीमतें और शेयर बाजार स्थिर रहे और ईरान के पास परमाणु हथियार न रहें। जबकि ईरान होर्मुज पर कंट्रोल रखकर प्रतिबंधों में ढील और परमाणु कार्यक्रमों में रुकावट नहीं डालने वाली डील चाहता है।
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